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mercury
January 10, 2025

बुध (Mercury)

दर्शनशास्त्र (Philosophy): बुध को ज्योतिष में बुद्धि, संवाद, व्यापार, तर्कशक्ति और गणित का कारक ग्रह माना गया है। यह ग्रह विवेक, ज्ञान और शास्त्रों में विशेष भूमिका निभाता है। बुध […]

ketu
January 10, 2025

केतु

केतु: दर्शन, महत्व, प्रभाव केतु ग्रह-‘छाया ग्रह’ को ज्योतिष में एक रहस्यमय और आध्यात्मिक ग्रह माना जाता है। केतु आध्यात्मिकता, मोक्ष, और परलोक के प्रतीक के रूप में जाना जाता […]

grahan yog
January 10, 2025

ग्रहण योग

ग्रहण योग कुंडली में तब बनता है जब सूर्य या चंद्रमा राहु या केतु के साथ युति/ दृष्टि / डालते हैं। यह संयोजन आमतौर पर सूर्य ग्रहण या चंद्र ग्रहण […]

mangal
January 10, 2025

मंगल का तत्वज्ञान 

मंगल को ऊर्जा, साहस, महत्वाकांक्षा से जोड़ा जाता है और यह न्याय और धर्म के लिए संघर्ष की भावना को दर्शाता है।  यह ग्रह युद्ध और लड़ाई की भावना को […]

shani
January 10, 2025

शनि (Shani) का तत्वज्ञान

शनि, हिंदू ज्योतिष में एक महत्वपूर्ण ग्रह हैं, जिन्हें न्यायाधीश और कर्मफलदाता के रूप में जाना जाता है। यह ग्रह हमारे जीवन में कार्यों का प्रतिफल देता है । शनि […]

shukra
January 10, 2025

शुक्र का दर्शन

शुक्र का दर्शन (Shukra Philosophy) वैदिक ज्योतिष में शुक्र ग्रह को एक शुभ ग्रह माना गया है। शुक्र ग्रह का हिन्दू ज्योतिष शास्त्र में महत्वपूर्ण स्थान है। यह ग्रह भौतिक […]

parijat yog
November 21, 2024

पारिजात योग क्या है?

पारिजात योग का नाम पौराणिक पारिजात वृक्ष के नाम पर रखा गया है, जो अपने दिव्य गुणों और सुंदरता के लिए जाना जाता है। इसी तरह, पारिजात योग वाले जातक […]

rajyog
November 21, 2024

राजयोग का दर्शन और इसका महत्व

1.परिभाषा: हिंदू भविष्यवाणात्मक ज्योतिष में “राजयोग” का कोई विशिष्ट परिभाषा नहीं है। सभी ग्रहों की स्थितियों और संयोजनों को जो अच्छे भाग्य, धन, सुख-सुविधाएँ, शासक शक्ति और राजनीतिक प्रभाव की […]